
राजस्थान में तबादलों पर लगा बैन हटते ही जनप्रतिनिधियों के दफ्तरों में ट्रांसफर की डिज़ायर लिखवाने वालों की भीड़ उमड़ने लगी है। लेकिन इस बीच जोधपुर शहर से भाजपा विधायक Atul Bhansali ने ऐसा अनूठा प्रयोग किया है, जिसकी चर्चा राजनीतिक गलियारों से लेकर सोशल मीडिया तक हो रही है।
विधायक कार्यालय में ट्रांसफर की अनुशंसा करवाने आने वाले लोगों के लिए एक विशेष “निवेदन बॉक्स” लगाया गया है। खास बात यह है कि यह बॉक्स भगवान श्रीराम की प्रतिमा के सामने रखा गया है। अब जो भी व्यक्ति अपनी डिज़ायर या अनुशंसा लेकर विधायक कार्यालय पहुंचता है, उसे सीधे इस बॉक्स में अपना आवेदन डालने के लिए कहा जाता है।
बॉक्स पर लिखा गया है “मैं अपनी अनुशंसा प्रभु श्रीराम को समर्पित करता हूँ।”
वहीं विधायक की ओर से संदेश भी अंकित है कि “सबकी मनोकामना पूर्ण करने वाले परमपिता परमेश्वर से प्रार्थना है कि सभी की इच्छाएं पूरी हों।”
तबादला सीजन शुरू होते ही नेताओं के दफ्तरों में सिफारिशी पत्रों और डिज़ायरों का दबाव बढ़ जाता है। ऐसे माहौल में विधायक भंसाली का यह प्रयोग लोगों का ध्यान खींच रहा है। कुछ लोग इसे आस्था से जोड़कर देख रहे हैं तो कुछ इसे बढ़ती डिज़ायर संस्कृति पर व्यंग्य के रूप में भी देख रहे हैं।
हालांकि इस पूरे घटनाक्रम के बीच एक सवाल भी चर्चा का विषय बना हुआ है। विधायकों की डिज़ायर से आखिर कितनों के तबादले होते हैं? क्योंकि सरकारी प्रक्रिया अपनी जगह है, लेकिन लोगों का मानना है कि भगवान के दरबार में की गई प्रार्थना कभी व्यर्थ नहीं जाती।
फिलहाल जोधपुर में “रामजी के सामने डिज़ायर बॉक्स” वाला यह नवाचार लोगों के बीच चर्चा और जिज्ञासा का विषय बना हुआ है।
रिपोर्टर — चन्द्रशेखर व्यास।
चन्द्रशेखर व्यास पिछले 18 वर्षो से पत्रकारिता के क्षेत्र से जुड़े है। उन्होंने न्युज 18 राजस्थान, इंडिया टीवी न्यूज, नवभारत टाईम्स, टीवी 9 सहित कई संस्थानों में सेवाएं दी है। विधि की पत्रकारिता क्षेत्र में सलमान खान, आसाराम, भंवरी हत्याकांड सहित कई बड़े मामलों में रिपोर्टिंग की है। इसके अलावा नारी उत्थान को लेकर भी इनकी खबरें नींव का पत्थर साबित हुई है। कई मामलों में हाईकोंर्ट ने इनकी खबरों पर संज्ञान लेकर रिर्पोटेबल जजमेंट सुनाएं है।
