Year: 2026

जोधपुर से जुड़े सोशल मीडिया जगत के चर्चित नाम मालाराम उर्फ़ “लॉजिक बाबा” को केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो यानी सीबीएन नीमच ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अफीम की भारी खेप के साथ गिरफ्तार किया है। सीबीएन के अनुसार आगरा-जयपुर हाईवे पर की गई कार्रवाई में झारखंड नंबर की हुंडई क्रेटा कार से 115 किलो 160 ग्राम अफीम बरामद की गई है। अफीम को 109 पैकेट और 3 बोरों में छिपाकर ले जाया जा रहा था।
बताया जा रहा है कि विशिष्ट खुफिया सूचना के आधार पर सीबीएन की टीम ने करीब 2000 किलोमीटर तक निगरानी की और उसके बाद इस ऑपरेशन को अंजाम दिया। आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट 1985 के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच की जा रही है।
गौरतलब है कि गिरफ्तार आरोपी मालाराम उर्फ़ लॉजिक बाबा का नाम पहले भी सोशल मीडिया विवादों को लेकर चर्चा में रहा है। वहीं सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर अनीता बिश्नोई और लॉजिक बाबा के बीच विवाद भी काफी सुर्खियों में रहा था। हालांकि अनीता बिश्नोई से जुड़े आरोपों और घटनाओं को लेकर आधिकारिक तौर पर कोई नया बयान सामने नहीं आया है, इसलिए इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि होना अभी बाकी है।
सीबीएन नीमच की यह कार्रवाई उप नारकोटिक्स आयुक्त निखिल गांधी के मार्गदर्शन और अधीक्षक विपिन कुमार के निर्देशन में गठित टीम द्वारा की गई। फिलहाल एजेंसियां पूरे नेटवर्क और अफीम की सप्लाई चेन की जांच में जुटी हुई हैं।

चन्द्रशेखर व्यास।

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 जोधपुर की बेटी और बहू सीए दिव्या का चयन भारत के प्रतिष्ठित भारतीय नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक विभाग (सीएजी प्रधान कार्यालय शाखा) में विशेषज्ञ सलाहकार के रूप में हुआ है। इस गौरवमयी उपलब्धि से पूरे परिवार सहित समाज में हर्ष और उल्लास का माहौल है।
जोधपुर में जन्मी और पली-बढ़ी ज्ञानेश्वर दाधीच की सुपुत्री दिव्या ने करीब 5.5 वर्ष पूर्व अपनी चार्टर्ड एकाउंटेंसी की कठिन परीक्षा उत्तीर्ण की थी। इसके बाद उन्होंने कॉर्पोरेट जगत की विश्व प्रसिद्ध बिग फोर कंपनियों, (प्राइस वाटर हाउस कूपर्स) और केपीएमजी में अपनी उत्कृष्ट वित्तीय सेवाएं प्रदान कर अपनी योग्यता का लोहा मनवाया।
ससुराल और पीहर पक्ष में खुशी का माहौल
लगभग एक वर्ष पूर्व दिव्या का विवाह राजेंद्र प्रसाद शर्मा के पुत्र डॉ. आशीष दाधीच के साथ हुआ। दिव्या की इस ऐतिहासिक सफलता पर उनके पीहर व ससुराल दोनों पक्षों के परिजनों को बधाई देने वालों का तांता लगा हुआ है।  परिजनों का कहना है कि यह सफलता दिव्या की कड़ी मेहनत, लगन और बड़ों के आशीर्वाद का प्रतिफल है।
पेशेवर करियर के साथ समाज सेवा में भी अग्रणी :-  सीए दिव्या केवल वित्तीय क्षेत्र में ही माहिर नहीं हैं, बल्कि वे एक सजग सामाजिक कार्यकर्ता भी हैं। वे लंबे समय से विभिन्न गैर-सरकारी संगठनों (हृत्रह्र) से जुड़कर समाज सेवा के कार्यों में अपना बहुमूल्य योगदान दे रही हैं। उनकी इस नई नियुक्ति से न केवल दाधीच समाज बल्कि पूरे जोधपुर जिले का नाम राष्ट्रीय स्तर पर रोशन हुआ है।